Tuesday, 12 March 2013

दूसरी दुनिया में अपने ....

इंसानों की इस दुनिया में,
कुछ लोग आपके बेहद
करीब होते हैं  l
पर अचानक हो जाते हैं
शुन्य में विलीन कहीं;
बिना बताये, चुपके से
जैसे की कभी थे ही नहीं l l

         धीरे - धीरे भर जाते हैं आपके घाव,
         और उनकी यादें भी धुंधलाने लगती हैं l
         पर वो नहीं भूलते आपको,
         शामिल हैं वो आपकी खुशियों में,
         और दुःख में भी l

दिन और रात देखते हैं आपको
कठिनाइयों से जूझते हुए,
सीढ़ी दर सीढ़ी ऊपर चढ़ते हुए;
करते हैं वो सिफारिश ऊपर वाले से,
आपकी खुशियों के लिए।
     
         निगरानी है उनकी आपकी हर हरकत पर,
         अच्छी और बुरी दोनों ही।
         आपका पथ प्रकाशित करें वो लोग
         जो इंसानों की इस दुनिया में;
          कभी आपके बेहद करीब होते हैं।।
                                                      -दादा जी को समर्पित